Aajivika Samvardhan Hunar Abhiyan Online – झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान 2021 ऑनलाइन आवेदन | एप्लीकेशन फॉर्म

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान की शुरुआत झारखण्ड राज्य सरकार के द्वारा किया गया है। यह योजना महिलाओं के लिए जारी की गयी है। Aajivika Samvardhan Hunar Abhiyan के माध्यम से महिलाओं की सशक्तिकरण को और मजबूत बनाया जायेगा। प्रदेश की 17 लाख से भी अधिक ग्रामीण महिलायें योजना से लाभाविंत होगी। ASHA Yojana यानि Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan के तहत बहुत बड़ी संख्या में महिलाओं को लाभ देने की तैयारी की जा रही है, राज्य में बहुत सी महिलायें ऐसी है जो अपना स्वरोजगार शुरू करना चाहती है,पर आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वह अपना खुद का व्यवसाय शुरू नहीं कर पाती है। योजना के माध्यम से उन्हें खुद के व्यवसाय को शुरू करने के लिए अवसर प्राप्त किये जायेंगे। योजना को जारी महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुरू की गयी है।

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झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान 2021 की शुरुआत क्यों की गयी है

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान 2021 राज्य सरकार के द्वारा इसलिए जारी किया है की प्रदेश की बहुत सी महिलाओं को अपने परिवार के भरण पोषण करने लिए हड़िया दारु का विक्रय किया जाता है। हड़िया दारू की विक्री करने वाली महिलाओं के लिए योजना को जारी किया गया है। महिलाओं के द्वारा यह कार्य विवशता और लाचारी के कारण किया जाता है। इसी समस्या का समाधान निकालने के लिए राज्य सरकार ने यह योजना लागू की है की राज्य की किसी भी महिला को ऐसा काम न करना पड़े उसके लिए राज्य सरकार ने योजना का आयोजन किया है। योजना के अंतर्गत महिलाओं को रोजगार और छोटे छोटे व्यवसाय से जोड़ा जायेगा जिससे की आमदनी में मुनाफा किया जायेगा।

Aajivika Samvardhan Hunar Abhiyan

योजना का नामझारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान
योजना की शुरुआत मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन के द्वारा
लाभार्थीझारखंड राज्य की महिलाएं
कैटेगरीझारखण्ड सरकारी योजना
योजना के लाभकृषि से आधारित रोजगार के अवसर
उद्देश्यमहिलाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना
आवेदन प्रक्रियाऑनलाइन
आधिकारिक वेबसाइटjharkhand.gov.in
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Jharkhand ASHA Yojana क्या है?

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान के अंतर्गत राज्य की महिलाओं को कृषि से आधारित आजीविका, वनोपज संग्रहण,पशुपालन,उद्यमिता समेत स्थानीय संसाधनों से जुड़े व्यवसायों बढ़ावा दिया जायेगा। योजना के माध्यम से स्वरोजगार के क्षेत्र में वृद्धि की जाएगी। झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान झारखंड की महिलाओं को स्वरोजगार के व्यवसाय में और आय में वृद्धि करने लिए शुरू किया है झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान के माध्यम से राज्य की 17 लाख ग्रामीण महिलाओं को योजना से जोड़ा जाएगा।

पलाश ब्रांड का भूमंडलीकरण

पलाश ब्रांड के माध्यम से राज्य सरकार महिलाओं को रोजगार के साधन उपलब्ध कराएगी यह राज्य सरकार का एक ब्रांड है ,इस ब्रांड को एक नयी पहचान देने के लिए सरकार ने प्रदेश की महिलाओं को रोजगार के लिए प्रोत्साहित किया है। महिलाओं के माध्यम से ब्रांड को एक नयी पहचान दी जाएगी तथा पलाश ब्रांड को टाटा और अमूल कंपनी की तरह स्वयं सहायता समूहों के मदद से आगे ले जाया जायेगा। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के द्वारा पहले से ही लिज्जत पापड़ अचार का उत्पादन किया जाता है। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के माध्यम से ही पलाश ब्रांड को एक नयी पहचान दी जाएगी और इसे बहुत आगे तक ले जाया जायेगा। प्रदेश की सभी महिलाओं का ब्रांड के तहत सशक्तिकरण होगा। आने वाले समय में ब्रांड के माध्यम से साड़ी,चप्पल,जूते आदि चीजों का विक्रय किया जायेगा अभी सिर्फ खाने पीने की वस्तुओ का उत्पादन ब्रांड के द्वारा किया जाता है।

झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान का उद्देश्य

झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान का उद्देश्य है की सड़क के किनारे हड़िया दारू बेचने वाली महिलाओं के लिए रोजगार के साधन उपलब्ध कराना उन्हें आर्थिक रूप से होने वाली समस्याओ से बचने के लिए राज्य सरकार के द्वारा रोजगार प्रदान किया जायेगा। Aajivika Samvardhan Hunar Abhiyan योजना के माध्यम से उनकी आर्थिक स्थिति में काफी सुधार किया जायेगा। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जायेगा रोजगार के तहत महिलाओ को अच्छी आमदनी प्राप्त होगी उन्हें ऐसा कार्य करने की जरूरत ही नहीं पड़ेगी जो उनके हित के लिए सही ना हो स्वरोजगार से महिलाओ को और अधिक सम्मान प्राप्त होगा। और आर्थिक रूप से होने वाली समस्याओ से इस अभियान के तहत समाधान किया जायेगा। योजना के अंतर्गत महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ के और मजबूती प्रदान की जाएगी जिससे उनकी आर्थिक स्थिति के स्तर में भी सुधार आएगा।

आजीविका संवर्धन हुनर अभियान के तहत महिलाओं को कठिन परिस्थितियों से बचाने के लिए योजना के माध्यम राज्य की महिलाओं को रोजगार से जोड़ने का प्रयास किया जायेगा। राज्य के 17 लाख से ही अधिक भी अधिक परिवार की महिलाओं को योजना से लाभान्वित किया जायेगा महिलाओं को आत्मसम्मान दिलाने के लिए झारखंड सरकार के द्वारा उनके हित के लिए यह एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

आजीविका संवर्धन अभियान झारखंड बजट

राज्य सरकार के द्वारा इस अभियान के लिए 1200 करोड़ रूपए का बजट तैयार किया गया है। योजना से प्रतिदिन 650000 महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराया जायेगा। मुख्यमंत्री जी के द्वारा स्वयं सहायता समूह मंडल की महिलाओं के लिए 150 करोड़ रूपए रोजगार देने के माध्यम से प्रदान किये गए है। योजना के लिए कार्य ग्रामीण विकास विभाग के द्वारा किया जायेगा। राज्य की महिलाओं को सरकार रोजगार उपलब्ध करवाने के लिए पूर्ण रूप से सक्षम है। राज्य सरकार के द्वारा महिलाओ को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए एक मत्वपूर्ण कदम उठया गया है योजना के तहत महिलायें अपने छोटे-छोटे व्यवसाय का कार्य बड़ी सरलता पूर्वक कर सकती है।

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आजीविका संवर्धन हुनर योजना के लाभ तथा विशेषताएं

  • राज्य में इस योजना के अंतर्गत नारी शक्ति को एक अलग ही स्वरूप प्रदान किया जायेगा।
  • इस अभियान को राज्य के ग्रामीण विभाग के द्वारा संचालित किया जायेगा।
  • राज्य की गरीब महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ा जायेगा एवं उनकी आर्थिक स्थिति को और मजबूत किया जायेगा।
  • यह योजना राज्य में महिलाओं के बेहतर भविष्य के लिए लॉन्च की गयी है।
  • योजना के अंतर्गत पलाश ब्रांड का भी अनावरण किया गया है। जो ग्रामीण महिलाओं को अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में एक बेहतर जीवन प्रदान करेगा।
  • कृषि आजीविका ,पशुपालन ,वन उपज , से संबंधित कार्यों को इस योजना के अंतर्गत पूर्ण किया जायेगा।
  • योजना के अंतर्गत हड़िया दारू बेचने का कार्य करने वाली महिलाओं के रोजगार उपलब्ध कराये जायेंगे।
  • राज्य की महिलाओं के लिए कृषि से जुड़े रोजगार और स्वरोजगार को शुरू किया जायेगा।
  • 17 लाख से अधिक ग्रामीण महिलायें रोजगार से लाभाविंत होगी।
  • आर्थिक रूप से होने वाली समस्या के लिए अब किसी भी महिला को हड़िया दारू का विक्रय करने की जरूरत नहीं होगी।
  • महिलाओं के लिए रोजगार उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार के द्वारा 1200 करोड़ रूपए का बजट तैयार किया गया है।
  • योजना के लिए कार्य ग्रामीण विकास विभाग के द्वारा किया जायेगा।
  • योजना के माध्यम से महिलाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए उनकी आमदनी में भी बढ़ोतरी की जाएगी तथा आर्थिक रूप से होनी वाली परेशानी से उन्हें मुक्ति मिलेगी।
  • महिलायें अपने हुनर के अनुसार कृषि से जुड़े कार्य को बिना संकोच के कर सकती है।
आजीविका संवर्धन हुनर योजना के लिए पात्रता
  • आजीविका संवर्धन हुनर योजना के लिए पात्र वही महिलायें होगी जो झारखंड राज्य की स्थायी निवासी है।
  • योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए राज्य की महिलाओं को आवेदन करना होगा।
  • जिन महिलाओं की आर्थिक स्थिति सही न होने के कारण वह हड़िया दारू विक्री करने का कार्य किया जाता था वह योजना के लिए पात्र है।
  • योजना में आवेदन करने के पश्चात किसी भी महिला के द्वारा हड़िया दारू बेचने का कार्य नहीं किया जायेगा।
आवश्यक दस्तावेज
  1. आवेदक का आधार कार्ड
  2. स्थायी निवास प्रमाण पत्र
  3. राशन कार्ड
  4. आवेदक की पासपोर्ट साइज 2 फोटो
  5. मोबाइल नंबर
झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर योजना के अंतर्गत आवेदन करने की प्रक्रिया

अगर आप योजना का लाभ लेने के ऑनलाइन पंजीकरण करना चाहते है तो इसके लिए आपको इन्तजार करना होगा राज्य सरकार के द्वारा इसके लिए अभी तक कोई भी आधिकारिक वेबसाइट लॉन्च नहीं की गयी है। सरकार के द्वारा राज्य की लाभार्थी महिलाओं के लिए बहुत जल्द ऑफिसियल वेबसाइट लॉन्च की जाएगी। वेबसाइट जारी हो जाने के बाद आप आसानीपूर्वक ऑनलाइन माध्यम से आवेदन कर सकते है।

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान 2021 से संबंधित प्रश्न उत्तर

Jharkhand ASHA Yojana किसके द्वारा जारी की गयी है ?

योजना झारखंड राज्य सरकार के द्वारा शुरू की गयी है।

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान योजना किसके लिए शुरू किया गया है ?

झारखण्ड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान योजना राज्य में हड़िया दारू की बिक्री करने वाली महिलाओं के लिए शुरू की गयी है।

राज्य की महिलाओं को योजना से क्या लाभ प्राप्त होंगे ?

राज्य की महिलाओं को योजना के माध्यम से अधिक से अधिक रोजगार से जोड़ा जायेगा।

योजना के माध्यम से महिलायें किस प्रकार के व्यवसाय से जुड़ सकते है ?

योजना के माध्यम से महिलायें कृषि से आधारित व्यवासय से जुड़ सकते है।

राज्य की महिलाओं के द्वारा हड़िया दारू बेचने का कार्य क्यों किया जाता है ?

परिवार की आर्थिक स्थिति ख़राब होने के कारण परिवार के भरण पोषण करने के लिए महिलाओं के द्वारा यह कार्य किया जाता है।

पलाश ब्रांड के अंतर्गत कौन सी वस्तुओ का विक्रय किया जायेगा ?

पलाश ब्रांड के अंतर्गत साड़ी,जूते,चप्पल और पेय पदार्थो का विक्रय किया जायेगा।

आजीविका संवर्धन योजना को क्यों शुरू किया गया है ?

राज्य की महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए झारखंड आजीविका संवर्धन योजना को शुरू किया गया है।

राज्य सरकार के द्वारा इस योजना को सफल बनाने के लिए कितना बजट निर्धारित किया गया है ?

1200 करोड़ रूपए का बजट आजीविका संवर्धन हुनर योजना के लिए राज्य के द्वारा निर्धारित किया है जिसमे राज्य की महिलाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाया जायेगा।

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